TallyPrime में Ledger क्या है? Step-by-Step पूरी जानकारी हिंदी में
Rajnandgaon: utkarsh Classes TallyPrime in 2026: आज के इस आर्टिकल में हम TallyPrime में Ledger क्या है? इसको बहुत ही सरल भाषा में अपने शब्दों में समझाने का प्रयास करेंगे ताकि आप इसे अच्छे से समझ पाए।
Step-by-Step Tally Prime Tutorial in Hindi में लेजर को समझना बहुत ही आसान हो जाता है जब हम इसे अपने दिनचर्या की बातों से समझने का प्रयास करते हैं।
इस आर्टिकल के माध्यम से हम कंप्यूटर से हटकर अपने रोजमर्रा में होने वाले कामों को लेकर Complete Business Management Guide में लेजर को समझने का प्रयास करते हैं।
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| TallyPrime में Ledger क्या है? |
TallyPrime Ledger Tutorial: टैली में लेजर क्या होता है
कंप्यूटर की भाषा में अगर समझ तो अकाउंटेंसी की दुनिया में लेजर का सीधा मतलब एक "अलग खाता" होता है।
अब इसे अपने दैनिक जीवन में घटने वाले कई तरह के घटनाओं से जोड़कर समझने का प्रयास करते हैं।
आज हम Tally prime online course की इस आर्टिकल में अपने सरल शब्दों में आपको समझने का प्रयास कर रहे है जैसे की आप सभी जानते होंगे कि जब कोई बिजनेस करता है तो वह कई लोगों से समान लेता है और कई लोगों को सामान बेचता है और जो पैसा आता है उसे अपने बैंक में जमा भी करता है।
तरह-तरह के खर्चे जैसे की रेंट, बिजली बिल, और कई तरह के खर्च होते रहते हैं अब टैली प्राइम के अंतर्गत लेजर में इन सभी अलग-अलग काम के लिए जो पर्सनल फोल्डर या डायरी बना दी जाती है इसी को ही हम लेजर के नाम से जानते हैं।
चलिए Learn Tally at home की सहायता से लेजर को एक उदाहरण द्वारा समझाने का प्रयास करते हैं:
मान लीजिए आप एक बिजनेसमैन है और आपका कोई दुकान है जब भी कस्टमर आपके पास कोई सामान उधारी में ले जाता है तो उसकी एंट्री आप अपने डायरी में करके रखते ही हैं ।
वही आदमी कुछ दिन बाद फिर उधर लेने आता है और फिर उसी के नाम के नीचे आप फिर पैसा एंट्री करते हैं कि कितना रुपए का दूसरी बार सामान ले गया है।
अब महीने के लास्ट में आप पूरी डिटेल देखना चाहते हैं कि उस व्यक्ति द्वारा अभी तक कितना रुपए का सामान ले गया ताकि आप अपना पैसा वापस ले सके।
ठीक इसी एंट्री को डायरी पर ना एंट्री कर के डिजिटल रूप में टैली प्राइम के अंतर्गत एक खाता उस व्यक्ति के नाम का एक खता बनाकर करते हैं ताकि वह व्यक्ति जितने भी बार सामान ले जाए हम उसकी एंट्री उसी के नाम के अंदर करते जाए जिससे की लास्ट में हमें यह पता चल जाता है कि अभी तक उस व्यक्ति द्वारा कितना सामान खरीदा गया है जिससे कि हम सही हिसाब किताब एक क्लिक में ही कर सकते हैं ।
इस तरह किसी भी चीज के बारे में डिजिटल रूप में एक खाता खोलना ही लेजर कहलाता है चाहे यह लेजर किसी व्यक्ति का नाम का हो किसी, वस्तु का नाम का हो, रेंट का हो, बिजली बिल का हो।
चलिए लेजर को utkarsh classes, Professional accounting course in rajnandgaon के द्वारा हम एक किचन में रखने वाले सामान के उदाहरण से समझने का प्रयास करते हैं किचन तो लगभग सभी के घरों में आज के समय में होता ही है और किचन की जरूरी सामान भी रखे होते हैं।
1. किचन में रखे सामान का टैली प्राइम में उपयोग होने वाले ledger से तुलना करना
मान लीजिए किचन में आपका एक बड़े डिब्बे के अंदर कई सारे डब्बे रखे हुए हैं और ये सभी डिब्बों में अलग-अलग सामान भरा हुआ है जैसे कि:
- एक डिब्बे में नमक रखा हुआ है
- एक डिब्बे में सरसों रखा हुआ है
- एक डिब्बे में शक्कर रखा हुआ है
- एक डिब्बे में दाल रखा हुआ है
इस तरह से सभी डिब्बे में अलग-अलग सामान रखे हुए हैं।
अब यहां पर हर एक डिब्बा ठीक उसी तरह काम कर रहा है जैसे हम टैली प्राइम में लेजर का उपयोग करते हैं।
जब हमें नमक की जरूरत पड़ती है तो हम सिर्फ नमक के डब्बे को ही हाथ लगाते हैं ठीक उसी तरह से जब हमें कोई बिजली का बिल भरते है तो टैली में सिर्फ हम इलेक्ट्रिसिटी एक्सपेंस वाले लेजर में ही इंट्री करते है।
अब जरा सोचो यदि हर सामान को एक अलग-अलग डब्बा में ना रखें एक ही डब्बा में मिक्स करके रख दे तो हमारा खाना क्या सही बन पाएगा, नहीं बन पाएगा हमारे द्वारा जो भी खाना बनाया जाएगा वह पूरी तरह से खराब हो जाएगा।
ठीक उसी तरह से टैली में होता है यदि हम किसी भी चीज का लेजर अगर अलग-अलग नहीं बनाते है तो हमारा अकाउंटिंग भी पूरी तरह से खराब हो जाता है और हमें अपने प्रॉफिट लॉस का ही पता नहीं चल पाता है।
चलिए लेजर को TallyPrime Training की इस क्लास में हम एक और उदाहरण से समझने का प्रयास करते हैं।
2. मोबाइल कांटेक्ट लिस्ट के द्वारा टैली में होने वाले लेजर को समझना
आज के समय में हर एक व्यक्ति के पास अपना एक मोबाइल है और हर व्यक्ति के मोबाइल में 100 से भी ज्यादा कांटेक्ट लिस्ट है जिसमें कि उनके दोस्त हैं और फैमिली के नंबर होते हैं।
यहां पर हर व्यक्ति का कांटेक्ट जो आपके द्वारा से सेव किया गया है वह एक लेजर की तरह काम करता है जैसे की
- लेजर: राहुल कोरिया
यहां पर राहुल कोरिया एक लेजर की तरह ही है जिससे कि अब जितने बार भी राहुल को कॉल किया जाएगा या राहुल का कॉल आएगा, इसकी पूरी डिटेल अगर हमें देखना है कि कितने बार उनका कॉल आया कितने बार उनको कॉल गया, कितना मिनट बात हुआ तो इसकी पूरी डिटेल हम राहुल कोरिया के कॉल लोग पर इसकी पूरी डिटेल देख सकते हैं।
टैली में भी ठीक उसी तरह से होता है जब आप राहुल कोरिया का एक लेजर बना देते हैं तो आपको साल भर का हिसाब किताब देखने में आसानी होती की राहुल कोरिया द्वारा कितना माल अभी तक आपसे खरीदा गया, कितना पैसा आपको दिया गया, कितना पैसा बाकी है और इसकी पूरी डिटेल आपको राहुल कोरिया से लेजर में मिल जाती है।
3. रियल लाइफ में होने वाले ट्रांजैक्शन का एक उदाहरण लेकर हम टैली में लेजर को समझते हैं
मान लीजिए आपका नाम रोहन है और आपके द्वारा एक कंप्यूटर ₹25000 में रिहान कंप्यूटर से सबसे खरीदा गया है इसकी एंट्री यदि आप टैली में करना चाहते हैं तो किस तरह से करेंगे।
अब आप टैली में इसकी एंट्री तभी कर पाएंगे जब आपके द्वारा कंप्यूटर नाम का एक लेजर बनाया गया होगा तभी आप कंप्यूटर को सेलेक्ट करेंगे उसके बाद उसका रेट डालेंगे, किसके पास से लिया गया है इसकी पूरी डिटेल डाल पाएंगे।
इस तरह से किसी भी चीज की एंट्री टैली में करने के लिए उस वस्तु या व्यक्ति के नाम का लेजर का होना जरूरी है तभी हम किसी भी प्रकार की ट्रांजैक्शन की एंट्री हम टैली में कर पाते हैं।
क्या आप TallyPrime में Ledger कैसे बनाएँ? स्टेप-बाय-स्टेप पूरी जानकारी लेना चाहते है तो इसे जरूर पढ़े।
